81 साल के खिलाड़ी से लेकर 7 साल की बालिका तक मैदान में, स्व. भुवन चंद्र खंडूड़ी को समर्पित टूर्नामेंट
भीमताल, 22 मई। लोक भवन गोल्फ कोर्स नैनीताल में शुक्रवार से 21वें “गवर्नर्स कप गोल्फ टूर्नामेंट” का आगाज हो गया। राज्यपाल गुरमीत सिंह ने टी-ऑफ कर तीन दिवसीय प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। इस बार टूर्नामेंट में विभिन्न श्रेणियों के कुल 179 गोल्फर प्रतिभाग कर रहे हैं। खास बात यह है कि प्रतियोगिता को प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री भुवन चंद्र खंडूरी की स्मृति को समर्पित किया गया है।
गवर्नर्स कप में 110 सामान्य श्रेणी, 27 जूनियर खिलाड़ी (जिनमें छह बालिकाएं शामिल हैं), नौ महिला खिलाड़ी, 29 वेटरन और चार सुपर वेटरन प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं। प्रतियोगिता में 81 वर्षीय कर्नल एच.सी. गुप्ता सबसे वरिष्ठ प्रतिभागी हैं, जबकि सात वर्षीय इलाक्षी राठौड़ सबसे कम उम्र की खिलाड़ी के रूप में आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।
शुभारंभ अवसर पर राज्यपाल गुरमीत सिंह ने कहा कि गवर्नर्स कप केवल खेल आयोजन नहीं, बल्कि उत्तराखण्ड की खेल क्षमताओं और पर्यटन संभावनाओं को प्रदर्शित करने का प्रभावी मंच है। उन्होंने कहा कि लोक भवन गोल्फ कोर्स की प्राकृतिक सुंदरता और ऐतिहासिक महत्व इसे विशेष बनाते हैं, जहां प्रकृति, वन्यजीवन संरक्षण और पर्यटन का अद्भुत संगम देखने को मिलता है।
राज्यपाल ने कहा कि गोल्फ धैर्य, अनुशासन, लक्ष्य के प्रति एकाग्रता और विपरीत परिस्थितियों में मानसिक संतुलन बनाए रखने की सीख देता है। यह खेल व्यक्तित्व निर्माण के साथ आत्मिक शांति और ध्यान की भावना को भी मजबूत करता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के ‘फिट इंडिया’ और ‘खेलो इंडिया’ विजन के अनुरूप खेल युवाओं के सर्वांगीण विकास का माध्यम बन रहे हैं। “जो खेलेगा, वही खिलेगा” की भावना आज युवाओं को नई दिशा दे रही है।
राज्यपाल ने खुशी जताई कि इस बार टूर्नामेंट और प्रशिक्षण कार्यक्रमों में युवाओं, बेटियों और महिलाओं की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। उन्होंने बताया कि पूर्व में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम से 135 बच्चों ने लाभ लिया, जिनमें बड़ी संख्या में बेटियां शामिल थीं।
इस दौरान सचिव राज्यपाल रविनाथ रामन, आयुक्त कुमाऊँ मंडल दीपक रावत, जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन रयाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी सहित प्रशासनिक अधिकारी, गोल्फर्स और प्रायोजक संस्थानों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।