भीमताल : उत्तराखंड की राजनीति में अपनी स्पष्ट सोच और मजबूत नेतृत्व के लिए पहचानी जाने वाली पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. इंदिरा हृदयेश की चौथी पुण्यतिथि पर मंगलवार को शहर में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। आयोजन स्थल पर सभी दलों के जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों ने मिलकर भावपूर्ण स्मरण करते हुए उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए। इस श्रद्धांजलि सभा का आयोजन उनके पुत्र एवं हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश की पहल पर कांग्रेस पार्टी द्वारा किया गया था। कार्यक्रम में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता और उनके समर्थक शामिल हुए।सिर्फ कांग्रेस ही नहीं, बल्कि भाजपा के वरिष्ठ विधायक बंशीधर भगत, राज्य मंत्री सुरेश भट्ट, मंडी परिषद अध्यक्ष अनिल कपूर डब्बू और सांसद अजय भट्ट के प्रतिनिधि लक्ष्मण खाती ने भी कार्यक्रम में सहभागिता कर राजनीति से ऊपर उठकर दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की।
सभा में वक्ताओं ने डॉ. हृदयेश के राजनीतिक जीवन को याद करते हुए कहा कि उन्होंने न केवल हल्द्वानी को एक नई पहचान दी, बल्कि राज्य की राजनीति में महिलाओं के लिए एक मिसाल कायम की। वे विकास, दृढ़ संकल्प और संवेदनशील नेतृत्व का प्रतीक थीं। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा, “इंदिरा जी के बिना उत्तराखंड की राजनीति की कल्पना अधूरी है। उन्होंने जिस समर्पण से जनसेवा की, वह आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देता रहेगा।”
सभा के अंत में सुमित हृदयेश ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे अपनी माता की सोच और कार्यों को आगे बढ़ाते हुए जनता की सेवा को ही अपना लक्ष्य मानते हैं।