भीमताल। विधानसभा भीमताल के नदी किनारे स्थित कई गांवों में बाघ की लगातार आवाजाही से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। कांग्रेस नेता मनोज शर्मा ने वन विभाग से प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल सुरक्षा उपाय लागू करने की मांग की है।
मनोज शर्मा ने बताया कि धारी ब्लॉक की अम्दौ ग्राम सभा के नदी से सटे तोक बिरजाली और मूवागैर में पिछले कई दिनों से एक विशालकाय बाघ का लगातार मूवमेंट देखा जा रहा है। रात के समय बाघ के खेतों और घरों के आंगन तक पहुंचने की घटनाओं से ग्रामीण भयभीत हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में पहले से ही जंगली सूअरों का आतंक है, लेकिन बाघ के डर से ग्रामीण उन्हें भगाने तक की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि विधानसभा के अन्य रिवर साइड क्षेत्रों से भी बाघ की मौजूदगी की सूचनाएं मिल रही हैं। पिछले महीनों में भी वन विभाग ने नदी किनारे के क्षेत्रों में बाघ की सक्रियता स्वीकार की थी, लेकिन उसे पकड़ने में सफलता नहीं मिल सकी।
मनोज शर्मा ने आरोप लगाया कि वन विभाग से कई बार प्रभावित क्षेत्रों के पैदल मार्गों की झाड़ियों की सफाई, सोलर फेंसिंग तथा जंगल से सटे और एकांत घरों में सोलर लाइट लगाने की मांग की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा कि जिम्मेदार जनप्रतिनिधि केवल घटनाओं के बाद आश्वासन देकर चले जाते हैं, जबकि इन्हीं क्षेत्रों में पूर्व में बाघ के हमले में लोगों की जान जा चुकी है और कई स्थानों पर बाघ पिंजरे में पकड़ा भी जा चुका है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में रास्ते झाड़ियों से पटे हुए हैं, जिससे बाघ को छिपने के लिए पर्याप्त स्थान मिल रहा है। ऐसे में किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है।
कांग्रेस नेता ने सरकार और वन विभाग से कसैला, अम्दौ, दुदुली, बैड़ा, बाबियाड़, त्यौना सहित अन्य संभावित क्षेत्रों में तत्काल झाड़ियों की सफाई कराने, सोलर फेंसिंग लगाने तथा सोलर लाइट की व्यवस्था करने की मांग की। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि पूर्व की घटनाओं से वन विभाग ने क्या सबक लिया, ऐसी परिस्थितियों से निपटने के लिए क्या तैयारी की गई और अतिरिक्त बजट की क्या व्यवस्था की गई है।
मनोज शर्मा ने चेतावनी दी कि यदि ग्रामीणों की सुरक्षा से जुड़े इन मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो इसका विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार और वन विभाग की जिम्मेदारी है तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।